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Meri Kuchh Kahaniyan

 | क़मर वहीद नक़वी By: Qamar Waheed Naqvi

कैसे नाम पड़ा ‘आज तक’

'आज तक' का नाम कैसे पड़ा 'आज तक?' बड़ी दिलचस्प कहानी है. बात मई 1995 की है. उन दिनों मैं 'नवभारत टाइम्स,' जयपुर का उप-स्थानीय सम्पादक था. पदनाम ज़रूर उप-स्थानीय सम्पादक था, लेकिन 1993 के आख़िर से मैं सम्पादक के तौर पर ही अख़बार का काम देख रहा था.

एक दिन एस. पी. [..] Read More

‘टाइम्स समूह’ तक कैसे पहुँचा मैं?

अगर उस दिन विजय ने मुझे बुला कर वह विज्ञापन न दिखाया होता तो मैं आज वह न होता, जो हूँ! विजय ने ज़्यादा पढ़ाई-लिखाई नहीं की थी. हाईस्कूल से पहले ही पढ़ाई छोड़ दी थी. मेरे ही मुहल्ले में रहता था. उन दिनों आज की तरह कालोनियों का ज़माना नहीं था. मुहल्ले में सब [..] Read More

उम्र 19 नहीं, बन गये सम्पादक!

लिखने का शौक़ तो 13-14 साल की उम्र से ही लग गया था. वाराणसी के अख़बारों में रविवार को बच्चों के पृष्ठ पर कविताएँ छपने से इस सिलसिले की शुरुआत हुई. कई कविताएँ छपीं और जब बच्चों के पन्ने के लिए हुई कुछ लेख प्रतियोगिताओं में पहला स्थान पा लिया, तो हौसला बढ़ा. [..] Read More

  
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क्यों बढ़ती है मुसलिम आबादी?
  तो साल भर से रुकी हुई वह रिपोर्ट अब जारी होनेवाली है! ...
Posted On  24th January 2015 2:21
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मुसलिम आबादी मिथ, भाग-दो!
मुसलिम आबादी का मिथ - भाग दो! पहला भाग कब आया? शायद 'राग द...
Posted On  27th August 2016 7:47
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तो क्या ख़त्म हो जायेगा काला धन?
बस एक महीने पहले ही मैंने 'राग देश' में लिखा था कि कुछ ल...
Posted On  12th November 2016 12:35
मेरे बारे में….
स्वतंत्र स्तम्भकार. पेशे के तौर पर 35 साल से पत्रकारिता में. आठ साल तक (2004-12) टीवी टुडे नेटवर्क के चार चैनलों आज तक, हेडलाइन्स टुडे, तेज़ और दिल्ली आज तक के न्यूज़ डायरेक्टर. 1980 से 1995 तक प्रिंट पत्रकारिता में रहे और इस बीच नवभारत टाइम्स, रविवार, चौथी दुनिया में वरिष्ठ पदों पर काम किया. 13-14 साल की उम्र से किसी न किसी रूप में पत्रकारिता और लेखन में सक्रियता रही. Read more
त्वरित टिप्पणी
राहुल जी, डरो मत, कुछ करो! काँग्रेस का 'जन वेदना सम्मेलन' देखा. समझ में नहीं आया कि यह किसकी वेदना की बात हो रही है? जनता की वेदना या काँग्रेस की? जनता अगर इतनी ही वेदना में है तो हाल-फ़िलहाल के छोटे-मोटे चुनावों में लगातार बीजेपी को वोट दे कर वह अपनी 'वेदना' बढ़ा क्यों रही है?

 [..] Read More
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